हमारी वर्तमान शिक्षा नीति हमें उद्यमी नहीं बनाती बल्कि पूरी दुनिया के लिए हमें बौद्धिक मजदूर बना कर भाग्य भरोसे छोड़ देती है !
फिर वह चाहे आई.आई.टी. हो या आई. आई. एम. ! सभी जगह बड़े बड़े प्रतिष्ठानों के लिये बौद्धिक मजदूर पैदा करने की होड़ लगी हुई है !
और माता-पिता भी बच्चे का जीवन आर्थिक रूप से सुरक्षित करने के लिए मोटी-मोटी फीस देकर अपने बच्चे को बौद्धिक मजदूर बना देना ही अपने जीवन का उद्देश्य समझते हैं !
आज भारत का कोई भी शिक्षण संस्थान अपने यहां विकसित उद्यमी पैदा नहीं करता है !
यह एक सोचा समझा हुआ वैश्विक षड्यंत्र है ! जो पिछले 200 सालों से भारत में चल रहा है !
आज भारत के अति मेधावी बच्चे दूसरे देशों में जाकर उस देश के व्यवसायिक प्रतिष्ठानों को विकसित करने के लिए अपना जीवन समर्पित कर रहे हैं !
जिससे वही दूसरे विकसित देश भारत के विरुद्ध भारतीय बच्चों के दम पर प्रतिस्पर्धा पैदा कर रहे हैं और भारतीयों द्वारा विदेशों में निर्मित उच्च तकनीक के माध्यम से वह देश भारत को ही दबाने की कोशिश कर रहे हैं !
इस संदर्भ में सनातन ज्ञान पीठ के शोध संस्थान ने गहनता से विचार किया और यह निष्कर्ष निकाला कि वर्तमान समय में जब नित नये उद्यम खड़े करने का वातावरण है, तब इस समय भारत के युवा उद्यमी बनना क्यों नहीं पसंद कर रहे हैं ?
इसका कारण हमारी उद्यम विरोधी मानसिकता है ! हम नौकरी करने में ही अपने को सुरक्षित समझते हैं और जीवन भर मध्यमवर्गीय जीवन जीकर आर्थिक संघर्ष करते हुए गुमनाम मर जाते हैं !
अतः सनातन ज्ञान पीठ ने यह निर्णय लिया है कि अब आने वाली युवा पीढ़ी को उद्यम के लिए वह प्रशिक्षित करने का कार्य करेगी !
जिसमें व्यक्तित्व निर्माण, आर्थिक नीतियों का प्रशिक्षण और औद्योगिक समझ विकसित की जायेगी !
जिससे आने वाले समय में युवा अपने को उद्यमी बनाकर स्वयं का ही नहीं राष्ट्र के भी विकास में अपना सहयोग प्रदान कर सकें !
इसके लिए सनातन ज्ञान पीठ ने एक विशेष प्रशिक्षण सत्र आरंभ कर रहा है ! जो भी साथी इस प्रशिक्षण सत्र में भागीदारी करना चाहते हैं, वह कार्यालय के नंबर पर अपना पंजीकरण करवा सकते हैं !
शेष विस्तृत जानकारी आपको कार्यालय से प्राप्त होगी !!
योगेश कुमार मिश्र
संस्थापक
सनातन ज्ञान पीठ
ज्योतिष एवं आध्यात्मिक शोध संस्थान
कुण्डली परामर्श हेतु सम्पर्क कीजिये
मोबाईल : 9453092553
और अधिक जानकारी के लिये पढ़िये
www.sanatangyanpeeth.in
