Tag Archives: shaivism and vaishnavism conflict

जानिये क्या है ज्योतिष में पौधों का महत्व | Yogesh Mishra

ज्योतिषीय दृष्टिकोण में हरे पौधों का प्रतिनिधित्व “बुध” ग्रह करता है, बुध को हरे पौधों का कारक माना गया है पौधों का पालन और रक्षण करने से हमारी कुंडली में बुध ग्रह संतुलित और सकारात्मक होता है तथा बुध से सम्बंधित अच्छे परिणाम प्राप्त होते हैं ! बुध हमारे “स्नायुतंत्र” …

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हिन्दू धर्म संस्थाओं की संपत्ति कौन हड़पना चाहता है ? Yogesh Mishra

केरल की राजधानी तिरुअनन्तपुरम् का नाम वहाँ के प्रसिद्ध अनन्त पद्मनाभ स्वामी मन्दिर के नाम पर पड़ा है ! यह मन्दिर त्रावणकोर के राजाओं के इष्ट भगवान् अनन्त पद्भनाभ यानि भगवान विष्णु का जाग्रत मन्दिर है ! आजकल यह मन्दिर इलेक्ट्रानिक मीडिया में चर्चा का विषय बना हुआ है ! …

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भारत के गुलामी का इतिहास और आजादी का भविष्य | Yogesh Mishra

लेख लम्बा जरुर है पर पूरा सत्य जानना है तो इसे अन्त तक पढिये :- हर व्यक्ति देश की दुर्दशा देख कर एक ही प्रश्न पूछता है, यदि हम आजाद हैं तो देश में ऐसा क्यों हो रहा है ? इस प्रश्न के जवाब के लिए इतिहास पें पन्नों को …

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“ज्योतिषी” आपसे “धन उगाही” कैसे करते हैं ? Yogesh Mishra

आजकल प्रायः सभी लोग अपने जीवन में कभी न कभी किसी न किसी ज्योतिषी से परामर्श अवश्य लेते हैं ! आजकल तो चलन में यह भी है कि “सनातन हिंदू धर्म को न मानने वाले” भी अब ज्योतिषियों से अपने भविष्य की संभावनाओं पर विचार परामर्श करने लगे हैं ! …

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भारत में शिक्षा का विकास या विनाश| Yogesh Mishra

हम बचपन से अंग्रेजी का एक वाक्य पढते आ रहे है “India is a developing country.” मैं आज एक स्कूल में गया तो आज भी वही वाक्य मुझे फिर सुनने को मिला, बच्चे पढ़ रहे थे “India is growing country” मुझे कुछ नया नहीं लगा ! वही वाक्य जो मैं …

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वेद” अनुसार शासक को कब हटा देना चाहिये ? Yogesh Mishra

ऋग्वेद 10.173.1 !! ॠचा 2-4 के अनुसार राज्य सत्ता में एक “पुरोहित” होता था ! कोई जरुरी नहीं कि यह ब्राहमण ही हो ! पुरोहित सत्ता क्षेत्र में “प्रजा का प्रतिनिधित्व” करता था ! राजा का चुनाव होने के पश्चात यह पुरोहित नवनिर्वाचित शासक को सम्बोधित करते हुये यह कहता …

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राष्ट्र के विनाश में “गद्दार हिंदुस्तानियों” की भूमिका ! Yogesh Mishra

आज का यह लेख मैं बहुत “पीड़ा” के साथ लिख रहा हूं ! मुझे इसमें कोई शक नहीं कि भारत “ऋषियों और मुनियों” की “कर्मभूमि” रहा है ! इसमें भी कोई शक नहीं के भारत उस समय “विश्व गुरु” था, जब विश्व में दूसरे देशों के लोग “भूखे और नंगे …

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भारत की कृषि सुधार नीति ही किसानों के आत्महत्या का मुख्य कारण है ! Yogesh Mishra

भारत में अंग्रेजों के आने के पहले जब किसान गाय बैलों के माध्यम से कृषि करता था, तो उसके उत्पाद पूरे विश्व में बिका करते थे और पूरे विश्व का अर्जित धन “सोने” के रूप में भारत के अंदर संग्रहित होता था ! इसी वजह से पूरा विश्व भारत को …

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“पुलिस प्रशासन” सामाजिक विषयों के प्रति सकारात्मक सोच क्यों नहीं रख पाते हैं ? Yogesh Mishra

“गौ भक्त संत गोपाल दास” पर हुये पुलिसिया अत्याचार को समर्पित लेख प्रायः देखा गया है कि “पुलिस प्रशासन” सामाजिक समस्याओं के निवारण हेतु सकारात्मक दृष्टिकोण नहीं अपनाते हं ! इसके बहुत से कारण हैं ! इसमें सबसे बड़ा और महत्वपूर्ण कारण यह है कि वर्तमान समय में हमारे देश …

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बड़े-बड़े संगठन क्यों बिखर जाते हैं ? Yogesh Mishra

जीवन में सभी संघर्षों का मूल विचारों का मतभेद है ! विचारों की उत्पत्ति संस्कारों से होती है ! संस्कार जन्म-जन्मांतर के चिंतन शैली पर आधारित हैं ! प्रकृति की यह व्यवस्था है कि कभी भी दो व्यक्तियों के संस्कार एक जैसे नहीं हो सकते ! अतः यह स्वाभाविक है …

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