भारत में प्रतिवर्ष लगभग 15,000 बच्चे जो स्नातक की परीक्षा दे रहे हैं या दे चुके हैं वह किसी भी प्रतियोगी परीक्षा में पास न हो पाने के कारण आत्महत्या कर लेते हैं !
इसको सामान्य गणित के अनुसार देखा जाये तो लगभग 40 बच्चे प्रतिदिन देश के अंदर फैली हुई शिक्षा और व्यवसाय जगत की दुर्व्यवस्था के कारण आत्महत्या कर रहे हैं ?
यह सभी बच्चे आत्महत्या करने वाले बच्चे अतिसंवेदनशील और प्रतिभावान बच्चे हैं ! जो भारत के भविष्य की पूंजी ही नहीं बल्कि धरोहर भी हैं !
इस तरह 15% प्रतिवर्ष की दर से बढ़ती हुई योग्य बच्चों के आत्महत्या को रोकने के लिए अभी तक न तो शिक्षा जगत के द्वारा और न ही व्यावसायिक जगत के द्वारा कोई भी गंभीर कदम उठाए गए !
इसके अतिरिक्त जो बच्चे एजुकेशन लोन लेकर पढ़ते हैं ! उनमें भी 92% बच्चे अपने एजुकेशन लोन की किस्त अदा नहीं कर पाते और जीवन भर के लिए डिफॉल्टर घोषित कर दिए जाते हैं !
जिसके बाद यदि वह भविष्य में कोई अपना निजी व्यवसाय करना चाहते हैं, तो उन्हें किसी भी बैंक से कोई भी आर्थिक सहयोग प्राप्त नहीं होता है !
इस संदर्भ में न तो केंद्र और न ही राज्य की सरकारें इन बच्चों के कल्याण के लिए कोई योजना लेकर आ रही हैं !
ऐसी स्थिति में सनातन ज्ञान पीठ जो कि एक चैरिटेबल ट्रस्ट है ! जिसने सनातन ज्ञान के प्रचार प्रसार के लिए गत 15 वर्षों से निरंतर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्तर पर कार्य किया है ! जिसने सनातन ज्ञान की जिज्ञासाओं को 500 से अधिक सनातन ज्ञान के संदर्भ में व्याख्यान ऑनलाइन संवाद के माध्यम से दिये हैं और लाखों लोगों को भ्रांतियों से उभार कर सनातन ज्ञान की मुख्यधारा से जोड़ा है !
उसी सनातन ज्ञान पीठ ने इन मेधावी निर्दोष बच्चों के आत्महत्या करने के विषय पर गंभीरता विचार करते हुए इन बच्चों को अर्थ जगत की सही पद्धति का ज्ञान देने का निर्णय लिया है !
यह मात्र 6 महीने का संवाद सत्र होगा ! जिसमें कुछ प्रायोगिक क्रियाएं कराई जाएगी जिससे व्यक्ति अपनी संपन्नता के लिए अर्थ जगत की बारीकियों को समझ कर अपना कल्याण कर सकेंगे !
इस संदर्भ में यदि कोई व्यक्ति अपना पंजीकरण करवाना चाहता हैं, तो वह कार्यालय में संपर्क करके कार्यक्रम के संदर्भ में और अधिक जानकारी लेते हुए अपना पंजीकरण करवा सकते हैं !!
योगेश कुमार मिश्र
संस्थापक
सनातन ज्ञान पीठ
ज्योतिष एवं आध्यात्मिक शोध संस्थान
कुण्डली परामर्श हेतु सम्पर्क कीजिये
मोबाईल : 9453092553
और अधिक जानकारी के लिये पढ़िये
www.sanatangyanpeeth.in
