Category Astrology

क्या कोई सिद्ध पुरुष सटीक भविष्यवाणी कर सकता है । Yogesh Mishra

क्या कोई सिद्ध पुरुष सटीक भविष्यवाणी कर सकता है – भविष्यि एकदम अनिश्चिथत नहीं है। हमारा ज्ञान अनिश्चिजत है। भविष्यष का हमें कुछ भी दिखाई नहीं पड़ता इसलिए हम कहते हैं कि भविष्यत निश्चिरत नहीं है लेकिन भविष्यष में दिखाई…

जानिए ! विवाह के पूर्व कुंडली मिलान क्यों करना चाहिए । Yogesh Mishra

कुंडली मिलाप क्यों संभावित दूल्हा और दुल्हन के मध्य संवादिता सुनिश्चित करने के लिये उनकी कुडली का मिलान करना ही एक विकल्प है। विवाह के बाद युगल एक दूसरे को प्रभावित करते हैं। एक बार विवाह हो जाये उसके पश्चात…

समझिये । भविष्य जानने के लिए कुंडली मे कारक ग्रहों की क्या भूमिका है । Yogesh Mishra

भविष्य कथन में कारक ग्रहों की भूमिका फलादेश करते समय कौन ग्रह कहाँ बैठा है इसकी मदद से भविष्यवाणियों तो की ही जाती है किन्तु सटीक भविष्य कथन करने के लिये भावों के कारक स्वामियों की स्थिती पर भी विचार…

वैदिक ‘पंचांग’ को विस्तार से समझें , क्यों केवल वैदिक ‘पंचांग’ ही सही है ? Yogesh Mishra

वैदिक ‘पंचांग’ ही सही है हिंदू पंचांग की उत्पत्ति वैदिक काल में ही हो चुकी थी। सूर्य को जगत की आत्मा मानकर उक्त काल में सूर्य व नक्षत्र सिद्धांत पर आधारित पंचांग होता था। वैदिक काल के पश्चात् आर्यभट, वराहमिहिर,…

जानिए ! सृष्टि की उत्पत्ति का रचना क्रम ज्ञानवर्धक लेख ।Yogesh Mishra

आदि में जब एकमात्र परमात्मा ही थे, तब तो केवल प्रभाव ही प्रभाव था। उसके बाद परमात्मा ने अपने में से ही ‘आत्म’ शब्द को ज्योति रूपा शक्ति तथा उसको प्रभाव से युक्त करते हुये प्रकट करते हुए पृथक कर…

जानिए ! कलेंडर की गणना क्यों गलत है । Yogesh Mishra

कलेंडर की गणना गलत है 200 सालों तक तो इसी बात पर यूरोप में युद्ध चलता रहा कि नया वर्ष 25 दिसंबर को मानें या 1 जनवरी को, अर्थात काल के नियमों से ऊपर थी व्यक्तिगत प्रतिष्ठा| इस पद्धति में…

जानिए ! कुंडली मे से किस प्रकार आपके धन की गति का पता चलता है । Yogesh Mishra

ज्‍योतिष से धन की गति को जानें आमतौर पर हम समझते हैं कि जिस व्‍यक्ति के पास अधिक पैसा होता है, वह अमीर होता है, लेकिन वास्‍तव में ऐसा नहीं है। जिस व्‍यक्ति के पास आज पैसा है कल नहीं…

जानिए ! कुंडली मे मारकेश कब और कैसे काम करता है ? Yogesh Mishra

किसी भी व्यक्ति की कुण्डली के बारह भावों में बारह राशियों सहित नौ ग्रह विद्यमान होते हैं। सात मुख्य ग्रहों के साथ ही दो छाया ग्रहों, राहु व केतु की व्यक्ति के जीवन में महती भूमिका होती है। अलग-अलग राशि…

जानिए ! क्यों हमे ? अपने इष्ट देव की पूजा की आवश्यकता है । Yogesh Mishra

इष्ट देव की पूजा की आवश्यकता क्यों ? व्यक्ति शारीरिक रूप से कितना भी सामर्थ्यवान हो यदि वह यात्रा पैदल करे तो यात्रा का समय अधिक लगेगा .. यही यात्रा यदि कार अथवा हवाई जहाज से की जाये तो यात्रा…

आपकी मृत्यु का समय,कारण और स्थान पहले से सुनिचित होता है ज्योतिष से जानिये कि मृत्यु कब और कैसे होगी। Yogesh Mishra

ज्योतिष से जानिये कि मृत्यु कब और कैसे होगी संसार का प्रत्येक मनुष्य चाहे वह किसी भी जाति धर्म या मान्यताओं को मानने वाला क्यों न हो,उसके ह्रदय में प्रतिपल यह जानने की प्रबल इच्छा बनी रहती है कि उसकी…