जानिए अघोर तंत्र साधना क्या है : Yogesh Mishra

एक आम आदमी अघोरी शब्द से ही काँप उठता है ! नशे में डूबी लाल-लाल आँखें ! हाथ में चिमटा ! एक कंधे पर झोला. झोले में खोपड़ी और हड्डी ! रोंगटे खड़ी कर देने वाली इस तस्वीर के साथ-साथ…

एक आम आदमी अघोरी शब्द से ही काँप उठता है ! नशे में डूबी लाल-लाल आँखें ! हाथ में चिमटा ! एक कंधे पर झोला. झोले में खोपड़ी और हड्डी ! रोंगटे खड़ी कर देने वाली इस तस्वीर के साथ-साथ…

एक समय था जब भारत को सोने की चिड़िया का नाम दिया जाता था ! उस समय की किवदंतियों के अनुसार “भारत में इतना सोना है कि लोगों को कुछ काम करने की भी जरूरत नहीं है” ! इसी सोने…

राष्ट्र की एकता व अखंडता में प्रतीकों का अतुल्य योगदान है ! इससे नागरिकों को राष्ट्र प्रेम की प्रेरणा मिलती है ! तिरंगा इस देश की आन, बान और शान का प्रतीक है लेकिन इधर कुछ दल अपने राजनैतिक आंदोलन…

शनिवार की शाम मैं एक कार्यक्रम में गया था ! वहां पर एक 83 वर्ष के बुजुर्ग व्यक्ति चर्चा कर रहे थे कि “आज संस्कारों की कमी के कारण आने वाली पीढ़ी में राष्ट्रप्रेम खत्म हो रहा है ! इसके…

महर्षि वाल्मीकि की रामायण के अनुसार राजा दशरथ अयोध्या के रघुवंशी कुल के सूर्यवंशी राजा थे ! वह इक्ष्वाकु कुल के थे तथा भगवान श्रीराम के पिता थे ! दशरथ के चरित्र में आदर्श महाराजा, पुत्रों को प्रेम करने वाले…

कहने को तो भारत के संविधान का निर्माण एक संविधान निर्मात्री सभा ने किया था ! जिसमें कितने सदस्य थे और इस संविधान निर्मात्री सभा को संविधान के निर्माण में 2 वर्ष 11 माह 18 दिन में कुल 114 दिन…

भारत एक सनातनजयी राष्ट्र है ! जिस तरह हर व्यक्ति का स्वभाव और व्यक्तित्व अलग अलग होता है, ठीक उसी तरह हर राष्ट्र का अपना एक निजी व्यक्तित्व होता है ! भारत धर्मभीरु व्यक्तित्व का धनी है ! भारत का…

हिन्दुओं के सभी प्रमुख गुणों को मुसलमान, ईसाई और बौद्धों ने अपनाया और संसार में छा गए और हिन्दू इन्हें त्याग कर बर्बाद होने की कगार पर हैं ! हम यज्ञोपवीत, उपनयन या जनेऊ करवा कर सात से ग्यारह वर्ष…

भगवान श्री कृष्ण और बुद्ध दोनों ही कहते हैं कि आज आप जो भी हैं, वह आपके पिछले विचारों का परिणाम हैं ! विचार ही काल के प्रवाह में भाग्य बन जाते हैं ! इसका सीधा-सा मतलब यह है कि…

कारण शरीर जीव की प्रकृति का नाम है ! सत्त्वगुण, रजोगुण और तमोगुण, इन तीनों समुदाय से परे कारण शरीर होता है ! यह जीव का सूक्ष्मतम कण हैं ! इसीलिये इसे ‘कारण-शरीर’ कहते हैं ! इसमें आकाश तत्व की…