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योग्य गुरु को योग्य शिष्यों की आवश्यकता क्यों होती है : Yogesh Mishra

गुरू ब्रह्मा गुरू विष्णु, गुरु देवो महेश्वरा ! गुरु साक्षात परब्रह्मा, तस्मै श्री गुरुवे नमः !! अर्थात गुरु ही ब्रह्मा है, गुरु ही विष्णु है और गुरु ही भगवान शिव हैं ! गुरु ही साक्षात परब्रह्म हैं, ऐसे गुरु को…

गालियों का सत्ता से सम्बन्ध : Yogesh Mishra

किसी को गालियां देने पर मिलने वाले सुख नाम अंग्रेजी भाषा में  “LALOCHEZIA” होता है ! इस सुख की प्राप्ति से व्यक्ति की भड़ास निकल जाती है और बड़ी-बड़ी सामाजिक हिंसायें रुक जाती हैं ! यह लोकतंत्र  में शांति बनाये…

क्रिश्चियन योगा के निशाने पर भारत : Yogesh Mishra

इन दिनों पूरी दुनियां “क्रिश्चियन योगा” प्रोपगंडा के तहत भारत का सनातन योग विज्ञान निशाने पर है और योग की दुकान चलने वाले भारत के तथाकथित योग गुरु टी.वी. पर अपना आक्सीजन लेबिल चेक कर रहे हैं ! जबकि योग…

क्या हमारे पूर्वज भी परमाणु हथियारों से लड़ते थे : Yogesh Mishra

भारत में जगह-जगह विकिरण की जांच करने वाले वैज्ञानिकों ने पाया कि जोधपुर से दस मील पश्चिम में तीन वर्ग मील क्षेत्र में रेडियोधर्मी राख की एक परत है ! जो पूर्व में वहां हुए किसी परमाणु हथियार की ओर…

क्या हमारा मस्तिष्क वैचारिक कूड़ा घर है : Yogesh Mishra

पूरी दुनिया का उपभोक्तावादी बाजार अब मानव मस्तिष्क को वैचारिक कूड़ा घर समझने लगा है ! इस मानवीय वैचारिक कूड़ा घर में सकारात्मक विचारों के स्थान पर घनघोर निम्न, छिछले, ओछे विचारों का आधुनिक विज्ञान की मदद से इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस…

क्या हमारा धर्म ही हमें नष्ट कर रहा है : Yogesh Mishra

महाभारत के सिद्धांतों पर आधारित मनुस्मृति की वह उक्ति जो कि आठवें अध्याय के पन्द्रहवें श्लोक में वर्णित है ! ‘धर्म एव हतो हन्ति धर्मो रक्षति रक्षितः ! तस्माद्धर्मो न हन्तव्यो मा नो धर्मो हतोऽवधीत् !’ इस वाक्यांश का अर्थ…

क्या हम नर पिशाचों के साथ जीते हैं : Yogesh Mishra

 विषय बड़ा अजीब सा है ! लेकिन अब हमें चिंतन करना होगा कि क्या “वसुधैव कुटुम्बकम्” या “सर्वे भवन्तु सुखिनः” की संस्कृति वाले देश में अब नर पिशाचों ने कब्जा कर लिया है ! जैसा कि करोना काल में स्पष्ट…

क्या वैश्वीकरण की इच्छा ही हमारे विनाश का कारण है : Yogesh Mishra

मेरी बात सुनने में आपको अटपटी लग सकती है लेकिन यह सच है कि आज सदियों से जो हम अपने अस्तित्व को बचा कर रख पाये हैं, इसका मूल कारण हमारी आत्म केन्द्रित जीवन शैली ! भारतीय सनातन संस्कृति में…

क्या विश्व सत्ता के नुमाइंदे धरती की ओर कूच कर चुके हैं : Yogesh Mishra

जैसा कि मैं अपने लेखों के माध्यम से बहुत पहले से यह दावा कर चुका हूं कि पृथ्वी पर जनसंख्या नियंत्रण के लिए जो कुछ भी अप्रत्याशित घट रहा है ! उसके पीछे ब्रह्मांड की कुछ अति विकसित शक्तियों का…

क्या विश्व सत्ता के कार्यालय का निर्माण कार्य प्रारंभ हो रहा है  : Yogesh Mishra

वर्ष 1994 से अमेरिका में एक अत्यंत विस्तृत तथाकथित एयरपोर्ट का निर्माण किया जा रहा है ! किंतु इस एयरपोर्ट की खास बात यह है कि ऊपर से तो यह एयरपोर्ट एकदम सामान्य एयरपोर्ट की तरह दिखाई देता है किन्तु…