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मस्जिद अल- अक्सा के संघर्ष का कारण

अब्बासी यहूदियों का एक विद्रोही समूह था। जिन्होंने अपने को मुस्लिम घोषित किया और मध्य पूर्व एशिया में एक विशाल साम्राज्य स्थापित किया जिसे आज भी “खिलाफत साम्राज्य” के नाम से जाना जाता है। मुस्लिम शब्द अरबी भाषा का शब्द…

भीष्म पंचक अनुष्ठान क्या और क्यों

भीष्म पंचक अनुष्ठान को कालांतर में वैष्णव के प्रभाव में विष्णु पंचक अनुष्ठान के नाम से भी जाना जाने लगा है। जो लोग कार्तिक मास के व्रत करने में असमर्थ हैं, वह कार्तिक के अंतिम 5 दिनों के दौरान यह…

भगवान शिव आप पर कैसे कृपा करते हैं

जब आप भगवान शिव का कार्य करते हैं, तो आप जिस किसी भी कार्य को कर रहे होते हैं, उसमें भगवान शिव आपके सहायक हो जाते हैं ! जैसेआप कोई विद्यालय चलते हैं और आपको यह निरंतर चिंता बनी रहती…

भगवान भरोसे के लायक नहीं है

हमारे पूर्वजों ने कभी भी भगवान पर भरोसा नहीं किया और अपने पुरुषार्थ से देश को सोने की चिड़िया बना दिया ! तब देश के सोने की चिड़िया बनने के बाद यूनानी षडयंत्रकारियों ने भारत को कमजोर करने के लिये…

भक्ति धर्म का विषय क्यों नहीं है

सनातन ग्रंथों में भी धर्म के दस लक्षण बताए गए हैं: ब्रह्मचर्य, सत्य, तप, दान, संयम, क्षमा, शौच, अहिंसा, शांति, अस्तेय.  इसमें भक्ति कहीं नहीं आती है ! भक्ति के नौ रूप हैं श्रवण, कीर्तन, स्मरण, पादसेवा, अर्चना, वंदना, दास्य,…

ब्रह्मास्मि मुद्रा तंत्र और सामान्य मुद्रा तंत्र में अंतर

हमारे हाथ के अंदर 14 स्थान पर विशेष मर्म बिंदु होते हैं और समस्त शरीर में 107 मर्म बिंदु होते हैं ! जिन्हें तंत्र के जानकार अलग-अलग मुद्रा को स्थापित करके उन बिंदुओं से शरीर में ऊर्जा के प्रवाह को…

बौद्धिक संपदा एक भ्रम

पश्चिम की भोगवादी संस्कृति ने आज बौद्धिक संपदा की परिभाषा ही बदल दी है ! पश्चिमी जगत के अनुसार बौद्धिक संपदा प्रत्येक वह अमूर्त संपत्ति है ! जिसे कानून द्वारा पेटेंट, कॉपीराइट या ट्रेडमार्क के रूप में संरक्षित किया जा…

बौद्धिक दरिद्र से परामर्श क्यों नहीं लेना चाहिए

तीन दरिद्र थे ! एक प्राइमरी स्कूल का चपरासी, दूसरा अनपढ़ गृहस्थ महिला और तीसरा इन दोनों को सलाह देने वाला एक सूदखोर ज्योतिषी ! एक बार ज्योतिषी के मन में यह विचार आया कि मैं अपने आय को कैसे…

बीजाक्षर मंत्रों से भी शक्तिशाली क्या है

वैष्णव आचार्यों द्वारा बतलाया गया है कि बीजाक्षर मंत्रों का बहुत महत्व है, क्योंकि यह मंत्र शक्तिशाली ऊर्जा के स्रोत होते हैं। यह मंत्र किसी विशेष देवता या शक्ति को समर्पित होते हैं ! इनका जप करने से उन शक्तियों…

प्रत्येक 3 वर्ष में संस्थान की सफाई क्यों जरुरी है

बड़े-बड़े संस्थानों को चलाने वाले प्रबुद्ध व्यक्तियों का यह अनुभव है कि संस्था में प्रत्येक 3 वर्ष में संस्था को अपनी कार्य नीति में बड़ा बदलाव कर देना चाहिए ! जिससे संस्था के नाम पर व्याप्त भ्रष्टाचार उभर कर सामने…