Category Shaivism & Vaishnavism

भारत की सभ्यता और संस्कृति गंगा के किनारे नहीं बल्कि सरस्वती नदी के किनारे पनपी थी ! | Yogesh Mishra

वैदिक काल में सरस्वती की बड़ी महिमा थी और इसे ‘परम पवित्र’ नदी माना जाता था, क्यों कि इसके तट के पास रह कर तथा इसी नदी के पानी का सेवन करते हुए ऋषियों ने वैदिक ज्ञान का विस्तार किया…

भगवा ध्वज वैष्णव विजय का प्रतीक है ! पढ़िए पूरा इतिहास : Yogesh Mishra

भगवा ध्वज भारत का ऐतिहासिक एवं सांस्कृतिक ध्वज है ! बतलाया जाता है कि यह त्याग, बलिदान, ज्ञान, शुद्धता एवं सेवा का प्रतीक है ! ध्वज का भगवा रंग उगते हुए सूर्य का रंग है साथ ही प्रज्वलित अग्नि के…

शव को जलाने की प्रथा वैष्णव की देन है ! जानिये पूरा इतिहास : Yogesh Mishra

विश्व की विभिन्न संस्कृति, सभ्यता और धर्म में मृतकों के शव के साथ साथ किये जाने वाले व्यवहार कई प्रकार के चलन में हैं ! जैसे शव को – 1.जलाना 2. दफनाना 3. ममी बनाकर रखना 4. उबालकर कंकाल बनाना…

“शैव संस्कृति” पर हमले के कारण कटा था ब्रह्मा जी का “सर” ! Yogesh Mishra

मत्स्य पुराण अनुसार ब्रह्मा के पांच सिर थे। कालांतर में उनका पांचवां सिर शिवजी ने काट दिया था जिसके चलते उनका नाम कापालिक पड़ा । इस विषय पर आज चर्चा करेगे ! उस काल में विश्व की सबसे विकसित संस्कृति…

भारत की प्राचीनतम भाषा देव भाषा संस्कृत नहीं बल्कि शैव भाषा तमिल है ! Yogesh Mishra

भगवान शिव के डमरू से संस्कृत नहीं तमिल भाषा निकली थी ! वैष्णव ग्रन्थ बतलाते हैं कि संस्कृत भाषा देव भाषा है ! इसीलये सभी वैष्णव धर्म ग्रन्थ वेद, उपनिषद, ब्राह्मण ग्रन्थ व कर्मकाण्डीय ग्रन्थ संस्कृत भाषा में उपलब्ध हैं…

देव और दानव कौन थे, आदि सभ्यता के विकास का संक्षिप्त इतिहास ! Yogesh Mishra

‘असुर’ शब्द का प्रयोग ऋग्वेद में लगभग 105 बार हुआ है ! उसमें 90 स्थानों पर इसका प्रयोग ‘शोभन’ अर्थ में किया गया है और केवल 15 स्थलों पर ही इन्हें ‘देवताओं का शत्रु’ बतलाया गया है ! अर्थात असुर…

रावण की नाभि का रहस्य | क्या है इसका वास्तविक अर्थ | Yogesh Mishra

बताया जाता है कि रावण की नाभि में अमृत था ! जिस वजह से उसे कोई भी व्यक्ति युद्ध में परास्त नहीं कर सकता था ! जब भगवान श्रीराम ने रावण के साथ युद्ध किया तब राम ने जब उसके…

राम ने रावण की हत्या की थी या उसका वध किया था ! Yogesh Mishra

हत्या और वध में अंतर होता है ! हत्या का तात्पर्य है कि जब किसी व्यक्ति को बिना किसी कारण, बिना किसी दोष के जान से मार दिया जाता है तो उसे हत्या कहते हैं ! इस तरह की हत्या…

वैष्णव संस्कृति के विस्तार के लिये निर्मित व प्रचारित की गई थी “सत्य नारायण व्रत कथा” ! Yogesh Mishra

स्कंद पुराण के रेवाखंड में वर्णित सत्यनारायण व्रत कथा का वर्णन न तो रामायण में मिलता है और न ही महाभारत में मिलता है अर्थात भगवान श्री कृष्ण के काल तक सत्यनारायण व्रत कथा समाज में लोकप्रिय नहीं थी !…

शैव और वैष्णव संस्कृति के झगड़ो के कारण शुरू हुई सती प्रथा | Yogesh

स्कंद पुराण के अनुसार एक बार लोमस ऋषि ने ऋषियों को बतलाया कि राजा दक्ष प्रजापति की बेटी “सती” ने पिता की इच्छा के विरुद्ध भगवान शिव से विवाह कर लिया ! विवाह उपरांत जब राजा दक्ष ने यज्ञ का…